हिन्दी व्याकरण एवं साहित्य – Class Test 3
25 Questions • 25 Min
हिन्दी व्याकरण एवं साहित्य – Class Test 3 — प्रश्न व उत्तर (नमूना)
UP Super TET • हिन्दी • क्लास नोट्स (टीचर PDF) के सभी प्रश्न + थ्योरी से बने प्रश्न • 25 प्रश्न, हर प्रश्न की विस्तृत व्याख्या सहित।
गद्यांश — "…घूमते भटकते ही वे भारत पहुँचे थे…" — 'घुमक्कड़' शब्द में कौन सा प्रत्यय है?
- कड़
- अड़
- ड़
- अक्कड़
उत्तर व व्याख्या देखें
उत्तर: (D) अक्कड़
घूम + अक्कड़ = घुमक्कड़ (घूमने वाला)। इसी प्रकार — भूल + अक्कड़ = भुलक्कड़, पी + अक्कड़ = पियक्कड़। राहुल सांकृत्यायन की पुस्तक — 'घुमक्कड़ शास्त्र'।
गद्यांश — "…श्रमण महावीर ने स्वच्छन्द विचरण के लिए अपने वस्त्रों तक को त्याग दिया… वैशाली में जन्म लिया, पावा में शरीर त्याग किया…" के अनुसार महावीर स्वामी का जन्म कहाँ हुआ था?
- कुशीनगर
- पावापुरी
- वैशाली
- पारसौली
उत्तर व व्याख्या देखें
उत्तर: (C) वैशाली
गद्यांश के अनुसार महावीर का जन्म वैशाली (कुण्डग्राम) में हुआ और निर्वाण पावापुरी में। (गौतम बुद्ध का महापरिनिर्वाण कुशीनगर में हुआ।)
'स्वच्छन्द' में कौन सी सन्धि है?
- गुण
- दीर्घ
- विसर्ग
- व्यंजन
उत्तर व व्याख्या देखें
उत्तर: (D) व्यंजन
स्व + छन्द = स्वच्छन्द। यदि किसी स्वर के बाद 'छ' आए तो 'छ' से पहले 'च्' जुड़ जाता है — व्यंजन सन्धि। इसी प्रकार — परि + छेद = परिच्छेद, वि + छेद = विच्छेद, अनु + छेद = अनुच्छेद।
गद्यांश के अनुसार महात्मा बुद्ध ने जब बुद्धत्व प्राप्त किया तब उनकी अवस्था कितनी थी?
- 80 वर्ष
- 12 वर्ष
- 35 वर्ष
- 45 वर्ष
उत्तर व व्याख्या देखें
उत्तर: (C) 35 वर्ष
गद्यांश में लिखा है — '35 वर्ष की आयु में उन्होंने बुद्धत्व प्राप्त किया, 35 से 80 वर्ष की आयु तक जब उनकी मृत्यु हुई, 45 वर्ष तक वे निरन्तर घूमते ही रहे।'
गद्यांश में प्रयुक्त 'श्रुति धर्म' का क्या अर्थ है?
- वैदिक धर्म
- बौद्ध धर्म
- जैन धर्म
- मुस्लिम धर्म
उत्तर व व्याख्या देखें
उत्तर: (A) वैदिक धर्म
वेदों को 'श्रुति' कहते हैं (सुनकर परम्परा से प्राप्त ज्ञान)। गद्यांश में भी कहा गया है कि शंकराचार्य के प्रयत्नों से श्रुति धर्म अर्थात् वैदिक धर्म का उत्थान हुआ।
'ङ' का उच्चारण स्थान होता है —
- कंठ-तालव्य
- नासिक्य (कंठ-नासिका)
- कंठोष्ठ्य
- मूर्धन्य
उत्तर व व्याख्या देखें
उत्तर: (B) नासिक्य (कंठ-नासिका)
वर्गों के पंचम वर्ण (ङ, ञ, ण, न, म) नासिक्य हैं — इनके उच्चारण में हवा नाक से भी निकलती है। ङ = कंठ + नासिका, ञ = तालु + नासिका, ण = मूर्धा + नासिका, न = दन्त + नासिका, म = ओष्ठ + नासिका।
'चार गज मलमल' में कौन सा विशेषण है?
- गुणवाचक
- सार्वनामिक
- परिमाणबोधक
- संख्यावाचक
उत्तर व व्याख्या देखें
उत्तर: (C) परिमाणबोधक
'चार गज' मलमल की माप (मात्रा) बताता है, इसलिए यह (निश्चित) परिमाणबोधक विशेषण है। 'चार' अकेले गिनती बताए तो संख्यावाचक होता (चार लड़के), पर नाप-तौल के साथ परिमाणवाचक।
'समास' का विलोम क्या है?
- व्यास
- सामासिक
- समस्या
- साहसिक
उत्तर व व्याख्या देखें
उत्तर: (A) व्यास
समास = शब्दों को संक्षेप में जोड़ना; इसका विलोम 'व्यास' = विस्तार (विग्रह)। सामासिक = समास से बना।
'सुन्न' का तत्सम रूप क्या है?
- सन्न
- सूना
- सून
- शून्य
उत्तर व व्याख्या देखें
उत्तर: (D) शून्य
'सुन्न' (जैसे पैर सुन्न होना — चेतनाशून्य) तद्भव है; इसका तत्सम रूप 'शून्य' है।
'आँख की किरकिरी होना' मुहावरे का अर्थ है —
- बहुत प्रिय होना
- धोखा देना
- अप्रिय लगना
- कष्टदायक होना
उत्तर व व्याख्या देखें
उत्तर: (C) अप्रिय लगना
आँख में पड़ा रेत का कण (किरकिरी) चुभता है, वैसे ही जो व्यक्ति बुरा लगे उसे 'आँख की किरकिरी' कहते हैं — अर्थ: अप्रिय लगना/खटकना। इसका उल्टा — 'आँख का तारा' (बहुत प्रिय)।
पूरे 25 प्रश्न हल करने के लिए ऊपर टेस्ट शुरू करें।
इसी परीक्षा के और टेस्ट
- English Grammar – Class Test 1
- English Grammar – Class Test 2
- English Grammar – Class Test 3
- English Grammar – Class Test 4
- English Grammar – Class Test 5
- English Grammar – Class Test 6
- हिन्दी व्याकरण एवं साहित्य – Class Test 1
- हिन्दी व्याकरण एवं साहित्य – Class Test 2
- संस्कृत व्याकरण – Class Test 1
- संस्कृत व्याकरण – Class Test 2
- संस्कृत व्याकरण – Class Test 3
- संस्कृत व्याकरण – Class Test 4